खौ़फजदा है दुनिया
कोरोना के नाम से,
गुजर रही है जिंदगी
कुछ ऐसे मुकाम से ।
प्यार मे गले मिलना
गुजरी सदी की बात है,
दूर हो जाते हैं अजीज भी,
जरा से जुकाम से।।
...............नमस्कार, जय हिंद !....... मेरी कहानियां, कविताएं,कार्टून गजल एवं समसामयिक लेख !
खौ़फजदा है दुनिया
कोरोना के नाम से,
गुजर रही है जिंदगी
कुछ ऐसे मुकाम से ।
प्यार मे गले मिलना
गुजरी सदी की बात है,
दूर हो जाते हैं अजीज भी,
जरा से जुकाम से।।
वर्ण आखिरी, वैश्य, क्षत्रिय, विप्र सभी, सनातनी नववर्ष का जश्न मनाया कभी ? नहीं, स्व-नवबर्ष के प्रति जब व्यवहार ऐसा, फिर पश्चिमी नवबर्ष पर...