Sunday, March 7, 2021

जम़ाना...

 


जिसदिन से तरसीम ऊपर गया

मिरी शख़्सियत और हैसियत का,

ख़्याल सताने लगा है जमाने को, 

मिरी खै़रियत और  कैफि़यत का।



तरसीम/तर्सीम= लेखाचित्र(graph)



2 comments:

  1. बहुत सुन्दर।
    अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस की हार्दिक शुभकामनाएँ।

    ReplyDelete
  2. जिसदिन से तरसीम ऊपर गया
    मिरी शख़्सियत और हैसियत का,
    ख़्याल सताने लगा है जमाने को,
    मिरी खै़रियत और कैफि़यत का।
    वाह बहुत सुन्दर अभिव्यक्ति
    Free me Download krein: Mahadev Photo | महादेव फोटो

    ReplyDelete

एहसास !

थप्पड खाकर वो 'डिस' उनकी यूं, थोड़ी हमने भी चख दी थी, बस, ग़लती यही रही हमारी कि दुखती रग पर उंगली रख दी थी।