जब हम न होंगे,
मायूस तो तुम अवश्य होंगी
हमें खोकर ।
जीवन मे पग-पग,
बिंदास हमें लगने वाली ऐ,
हर एक ठोकर ।।
...............नमस्कार, जय हिंद !....... मेरी कहानियां, कविताएं,कार्टून गजल एवं समसामयिक लेख !
रातों के हर पहर-दोपहर, जब भी मैं करवट बदलूं, बदली हुई हर करवट पर, कसम से आहें भरता हूं , उम्र पार कर चुका प्रेम की वरना, कह देता कि मैं...
वाह, ठोकरों से सटीक वार्तालाप। ।।।
ReplyDeleteलजवाब।
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