Saturday, January 2, 2010

पापों को धोने की ठान ही ली है तो ज़रा सावधानी से !

आज हरिद्वार कुम्भ के बाबत एक लम्बी-चौड़ी पोस्ट लिखी थी, लेकिन वह Google Transliteration की भेंट चढ़ गई ! अब दोबारा लिखने का मूड नहीं ! बस पाठको से संक्षेप में इतना ही कहूंगा कि १३ जनवरी से शुरू हो रहे कुम्भ में जाने का प्लान अगर आप बना रहे है तो कृपया;
१. रेल से यात्रा को प्राथमिकता दे !
२.सड़क मार्ग का उपयोग करना जरूरी हो तो सार्वजनिक वाहनों का उपयोग करे !
३. रात के समय सड़क मार्ग से यात्रा से परहेज करे !
४. यदि अपना वाहन ले जाना मजबूरी हो तो सिर्फ दिन में ही चले !
५. बच्चे साथ में हो तो खाने -पीने का प्रयाप्त इंतजाम अपने पास रखे !
६.अधिक सामान न ले जाये, क्योंकि वाहनों को हरिद्वार के बाहर ही रोका जा सकता है , लेकिन ऊनी वस्त्र अवश्य साथ रखे !
७. सफ़र में देर हो जाए तो हरिद्वार से पहले जो भी शहर या कस्बे पड़ते है, रात वहाँ गुजारे, क्योंकि हरिद्वार में होटलों की किल्लत रहेगी !

मेरठ बाईपास से मुजफ्फरनगर के रामपुर तिराहे तक सड़क चौडीकरण का काम पिछले सात सालो से केंद्र सरकार, उत्तरप्रदेश सरकार और एनएचएआई की मेहरबानी से निर्माणाधीन है,(ज्यों की त्यों ) और सड़क बहुत खतरनाक है ! कहाँ घंटो जाम में फंसा रहना पड़ जाये, नहीं मालूम ! सडको पर घना कुहरा, जहां-तहां गन्ने से लदे ट्रैक्टर और बग्गियाँ, ट्रको की भारी आवाजाही, सडको पर वाहनों की संख्या में भारी वृद्धि, ऊँची-नीची सड़क, लोगो में सेन्स की कमी इत्यादि समस्याओ से जूझना पड़ सकता है , अत: वाहन गति सीमा ७०-७५ से ऊपर न बढाए ! मैं अभी पिछले हफ्ते उस मार्ग( दिल्ली-हरिद्वार) से गुजरा हूँ, इसलिए आपको अपने अनुभवों से परिचित करवा रहा हूँ !

आपकी यात्रा मंगलमय हो, यही मेरी शुभकामनाये है !

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14 Comments:

Blogger परमजीत सिहँ बाली said...

बहुत बढ़िया व उपयोगी जानकारी दी है।आभार।

Saturday, 02 January, 2010  
Blogger ललित शर्मा said...

आपने उपयोगी जानकारी दी है। लेकिन हमको तो जाना है। इसलिए लोटा-थाली, कम्बल,खेस बांध रहे है। फ़िर आप जाने,कहीं से भी ले जाएं।
पाप जो धोने हैं।:)

Saturday, 02 January, 2010  
Blogger Unknown said...

हम तो खैर कुम्भ मेले में नहीं जा रहे हैं किन्तु जो लोग जाने वाले हैं उनके लिये आपने बहुत काम की जानकारी दी है!

Saturday, 02 January, 2010  
Blogger समय चक्र said...

बहुत बढ़िया अग्रिम जानकारी दी है आपने आभार

Saturday, 02 January, 2010  
Blogger राज भाटिय़ा said...

गोदियाल जी आप ने लिखा नही यह मेला कितने दिन चलेगा, कृप्या यह जान्कारी जरुर देवे. धन्यवाद इस सुंदर जानकारी के लिये

Saturday, 02 January, 2010  
Blogger पी.सी.गोदियाल "परचेत" said...

भाटिया साहब यही सब जानकारियाँ मैंने अपने उस लेख में उपलब्ध कराई थी, मगर अफ़सोस कि मैं उसे save न कर सका! आजकल इस translitretion पर एक बीमारी यह लग गई है कि बीच में जब वह विंडो आ जाता है send और don't send वाला तो सारा लिखाधरा बेकार हो जाता है ! हरिद्वार कुम्भ मेले के स्नान की dates इस प्रकार है ;
14 January 10'
15 January 10'
20 January 10'
30 January 10'
12 February 10'
13 February 10'
15 March 10'
24 March 10'
30 March 10'
14 April 10'
28 April 10'

Saturday, 02 January, 2010  
Blogger Randhir Singh Suman said...

nice

Saturday, 02 January, 2010  
Blogger संजय बेंगाणी said...

जो भी मेले में जाए, अपने बच्चों को सम्भाल कर रखे, उनके खोने का डर है, ये बच्चे फिर जवान हो कर ही मिलते है. :)

आपने अच्छी जानकारी दी.

Saturday, 02 January, 2010  
Blogger Mithilesh dubey said...

बहुत बढ़िया व उपयोगी जानकारी दी है।आभार।

Saturday, 02 January, 2010  
Blogger Unknown said...

"…लोगो में सेन्स की कमी इत्यादि समस्याओ…" सिर्फ़ एक यही समस्या दूर हो जाये तो कोई समस्या ही न रहे… :) गोदियाल जी।

Sunday, 03 January, 2010  
Blogger अनूप शुक्ल said...

अच्छी जानकारी है।

Sunday, 03 January, 2010  
Blogger ताऊ रामपुरिया said...

ये तो बढिया जानकारी दी आपने.

रामराम.

Sunday, 03 January, 2010  
Blogger Pt. D.K. Sharma "Vatsa" said...

धन्यवाद इस जानकारी के लिए...लेकिन हमारे तो जाने का कोई कार्यक्रम नहीं। क्यों कि गंगा हमारे घर में ही है...वो कहते हैं न कि "मन चंगा तो कठौती में गंगा" :)

Sunday, 03 January, 2010  
Blogger दिगम्बर नासवा said...

अच्छी जानकारी उपलब्ध कराई है .........

Wednesday, 06 January, 2010  

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