Monday, April 13, 2026

श्रद्धांजलि!

वो बिन वजह हंसना तेरा, 

वो बिन वजह रोना तेरा,

जिंदगी और कुछ भी नहीं,

तेरी -मेरी कहानी है। 

इक प्यार का नगमा....

#आशाभोंसलेविनम्रशर्द्दाजली!

1 comment:

कुपत

तुम्हें पाने की चाह में मुद्दतों बैठे रहे हम, तुम्हारे बाप के पास, घंटों पैर दबाए मगर क्या मजाल कि  बुड्ढे को हुआ हो जरा भी एहसास।