Wednesday, March 11, 2026

कश्मकश

सबब खामोशी, तेरा बहाना अच्छा है,

इश्क़ हुआ मगर इजहार न किया,

अंदाज़े मोहब्बत छुपाना अच्छा है,

शकुन बुरा ही सही, दिल जलाना अच्छा है।


2 comments:

चटोरों की....

मैंने ख्वाब देखा था, ख्वाहिश अधूरी रही, चाटने वाले चाट गए, प्लेट साफ पूरी रही।