...............नमस्कार, जय हिंद !....... मेरी कहानियां, कविताएं,कार्टून गजल एवं समसामयिक लेख !
यह कार्टून बहुत कुछ कहता है .
हा हा!
आदरणीय गोदियाल जीनमस्कार !कार्टून बहुत कुछ कहता है
कई दिनों व्यस्त होने के कारण ब्लॉग पर नहीं आ सका
वाह , कहाँ निशाना साधा है । :)
गोदियाल जी आजकल आपको क्या हो गया है?आपका दिमाग कहां कहां दौड जाता है?:) लाजवाब.रामराम
लाज़वाब !
हा हा हा ...बहुत बढ़िया सर जी!
behtareen ! umda post.
सही बात ... बर्दाश्त की भी हद होती है
कार्टून बहुत कुछ कहता है|धन्यवाद|
लड्डू शड्डू बँटवायेंगे:)
मिठाई बचाना चाहते हैं..
बच्चे की शादी तक जीने की आस उत्पन्न हो जायेगी।
बेचारे बच्चे की गलती थोडे ना हे.....
बहुत बढ़िया कार्टून!
तिवारी जी का चित्रांकन अच्छा है.
अगाध होते हैं रिश्ते दिलों के, इक ज़माना था जो हम गाते, तय पथ था और सफ़र अटल, उम्मीदों पे कब तक ठहर पाते। जागी है जब कुछ ऐसी तमन्ना कि इक नय...
यह कार्टून बहुत कुछ कहता है .
ReplyDeleteहा हा!
ReplyDeleteआदरणीय गोदियाल जी
ReplyDeleteनमस्कार !
कार्टून बहुत कुछ कहता है
कई दिनों व्यस्त होने के कारण ब्लॉग पर नहीं आ सका
ReplyDeleteवाह , कहाँ निशाना साधा है । :)
ReplyDeleteगोदियाल जी आजकल आपको क्या हो गया है?आपका दिमाग कहां कहां दौड जाता है?:) लाजवाब.
ReplyDeleteरामराम
लाज़वाब !
ReplyDeleteहा हा हा ...बहुत बढ़िया सर जी!
ReplyDeletebehtareen ! umda post.
ReplyDeleteसही बात ... बर्दाश्त की भी हद होती है
ReplyDeleteकार्टून बहुत कुछ कहता है|धन्यवाद|
ReplyDeleteलड्डू शड्डू बँटवायेंगे:)
ReplyDeleteमिठाई बचाना चाहते हैं..
ReplyDeleteबच्चे की शादी तक जीने की आस उत्पन्न हो जायेगी।
ReplyDeleteबेचारे बच्चे की गलती थोडे ना हे.....
ReplyDeleteबहुत बढ़िया कार्टून!
ReplyDeleteतिवारी जी का चित्रांकन अच्छा है.
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